थम जाएं गर मेरी साँसे तो गम मत करना,
मुझसे अपनी मोहब्बत कम मत करना
एक रोज हसीन ख्वाब बनकर,
आऊंगा तुम्हारी आँखों में,
यार बस तुम ख्वाब देखना बंद मत करना।
... #जलज कुमार
प्रस्तावना: ये कहानी छोटे से कस्बे में रहने वाले दो 16 साल के बच्चों की है। प्रेम की अलग अलग परिभाषाओं की सहायता से समाज के बनाए रास्तों पर...
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